Mahakumbh 2025: 12 years of humans, 12 days of gods… the mystery of Mahakumbh is linked to mythology
Mahakumbh 2024: महाकुंभ मेला क्षेत्र का रिवरफ्रंट भीड़ नियंत्रण के लिए उपयोगी होगा। सिंचाई विभाग और अन्य सहायक विभाग मिलकर इसके निर्माण पर काम कर रहे हैं। प्रयागराज में मुंबई के मरीन ड्राइव की तर्ज पर गंगा के किनारे 15.25 किलोमीटर लंबी सड़क बनाई जा रही है।
प्रयागराज में आयोजित होने जा रहे महाकुंभ मेला को दिव्य, भव्य और नव्य स्वरूप देने के लिए योगी सरकार कई नए कदम उठा रही है। गंगा किनारे रिवर फ्रंट का निर्माण भी इसी का हिस्सा है, जिसका निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है और यह 15 नवंबर तक आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, महाकुंभ के दौरान कुंभ नगरी में करीब 40 करोड़ पर्यटक और श्रद्धालु पहुंचेंगे। इनके आवागमन को सुगम बनाने के लिए एक तरफ जहां शहर के अंदर और बाहर की सड़कों के चौड़ीकरण का काम तेजी से हो रहा है तो वहीं गंगा किनारे आवागमन का एक और विकल्प भी तैयार किया जा रहा है। गंगा नदी के तट पर रिवर फ्रंट के विकास से श्रद्धालुओं को बहुत लाभ होगा।
70 फीसदी निर्माण पूरा
अपर कुंभ मेला अधिकारी विवेक चतुर्वेदी का कहना हैं कि मुंबई की मरीन ड्राइव की तर्ज पर प्रयागराज में भी गंगा किनारे लगभग 15.25 किलोमीटर सड़क का निर्माण कराया जा रहा है। इसके निर्माण पर कुल 213 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं। अभी तक इसका 70% निर्माण पूरा हो चुका है। 15 नवंबर से पहले इसे तैयार कर लिया जाएगा।
गंगा नदी के दोनों तरफ रिवर फ्रंट बनकर होगा तैयार
कुंभ क्षेत्र में भीड़ को नियंत्रित करने में रिवर फ्रंट मददगार साबित होगा। सिंचाई विभाग और अन्य सहायक विभाग मिलकर इसके निर्माण पर काम कर रहे हैं। सिंचाई विभाग के सीनियर इंजीनियर रमेश कुमार सिंह के मुताबिक कुंभ क्षेत्र में श्रद्धालुओं की सहूलियत के लिए गंगा नदी के दोनों किनारों पर तैयार हो रहे इस रिवर फ्रंट का निर्माण आम सड़कों से बिलकुल अलग है।
इसका निर्माण इंटरलॉकिंग, बोल्डर क्रेट से किया जा रहा है जिसमे स्लोप पिचिंग का कार्य भी होगा। इस सड़क को आदर्श सड़क के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके किनारे बेंच लगाई जाएगी। कई जगह जगह पर सेल्फी प्वाइंट (selfie point) का भी निर्माण होगा।
इन इलाकों में हो रहा है रिवर फ्रंट का निर्माण
गंगा नदी के किनारे कई स्थानों पर रिवरफ्रंट का निर्माण किया जा रहा है। इनमें सूरदास से छतनाग तक, कर्जन ब्रिज के पास महावीर पुरी से लेकर रसूलाबाद घाट से लेकर नागवासुकी मंदिर तक निर्माण कार्य चल रहा है। रिवर फ्रंट के निर्माण हो जाने से संगम पर आने वाली दूरी कम हो जाएगी।
यहां आने वाले पर्यटकों को भी काफी सुविधा होगी। प्रयागराज के अधिकांश श्रद्धालु संगम जाते हैं, तो जाते ही हैं। ऐसे में रिवरफ्रंट बनने के बाद लोग प्रयागराज और संगम को हर कोण से देख सकेंगे।

