Haryana News: बाजरा खरीद घोटाले पर सीएम नायब सिंह सैनी की बड़ी कार्रवाई - कनीना, कोसली और करनाल के अधिकारी निलंबित

Haryana News: हरियाणा में बाजरा खरीद के दौरान अनियमितताओं का मामला सामने आने पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कड़ा रुख अपनाया है। कनीना और कोसली मंडियों में गड़बड़ी की शिकायतें मिलने के बाद मुख्यमंत्री ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दो मंडी अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया है। वहीं, करनाल मंडी में फर्जी गेट पास जारी करने के मामले में तीन अधिकारियों को भी निलंबित कर दिया गया है।
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ई-खरीद पोर्टल और रिकॉर्ड में अंतर से बढ़ा संदेह
जानकारी के अनुसार, नई अनाज मंडी कनीना और अनाज मंडी कोसली में ई-खरीद पोर्टल और मार्केट कमेटी के एच-रजिस्टर की ऑक्शन रिकॉर्ड में बड़ा अंतर पाया गया। यह अंतर दर्शाता है कि मंडी स्तर पर खरीद के आंकड़ों में हेराफेरी की गई थी।
इसके अलावा, गेट पास जारी करने की प्रक्रिया में भी कई अनियमितताएं मिलीं — जिससे संदेह हुआ कि बाजरा खरीद में फर्जीवाड़ा किया गया है।
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सस्पेंड हुए अधिकारी और उनका पद
मुख्यमंत्री कार्यालय से जारी आदेश के अनुसार, नई अनाज मंडी, कनीना के सचिव-सह-ईओ मनोज पराशर, अनाज मंडी, कोसली के सचिव-सह-ईओ नरेंद्र कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।
वहीं, करनाल में अलग-अलग आईपी एड्रेस का उपयोग करके फर्जी गेट पास जारी करने की शिकायत पर मंडी सुपरवाइजर हरदीप, मंडी सुपरवाइजर अश्वनी, और ऑक्शन रिकॉर्डर सतबीर को भी सस्पेंड किया गया है।
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मुख्यमंत्री ने दिए सख्त संदेश — भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं
सीएम नायब सिंह सैनी ने स्पष्ट कहा कि किसानों के हितों से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। सरकार ने खरीदी प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और डिजिटल बनाया है, फिर भी यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी गड़बड़ी में शामिल पाया गया, तो कठोर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य समय पर मिले, और खरीद प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार या धांधली की गुंजाइश न रहे।
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आगे होगी विस्तृत जांच
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग और कृषि विपणन बोर्ड को निर्देश दिए गए हैं कि सभी मंडियों में रिकॉर्ड की क्रॉस-चेकिंग की जाए। यदि किसी अन्य मंडी में भी गड़बड़ी पाई जाती है, तो संबंधित अधिकारियों पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
यह कदम प्रदेश में पारदर्शी मंडी व्यवस्था और किसानों के विश्वास को बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

