Kanshi Ram Jayanti BSP Message: मायावती ने कांशीराम की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए लोगों से बसपा मिशन को मजबूत करने का आह्वान किया।
Kanshi Ram Jayanti BSP Message: बहुजन समाज पार्टी की चीफ और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने पार्टी के फाउंडर कांशीराम को उनकी जयंती पर दिल से श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर उन्होंने पार्टी वर्कर्स और बहुजन समाज के मेंबर्स से पार्टी के मिशन को मजबूत करने और सामाजिक बदलाव की लड़ाई को आगे बढ़ाने की अपील की।
मायावती ने कहा कि ‘कांशीराम जयंती BSP मैसेज’ (Kanshi Ram Jayanti BSP Message) सिर्फ श्रद्धांजलि का दिन नहीं बल्कि संकल्प का दिन है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि कैसे कांशीराम ने बहुजन समाज के हक और सम्मान के लिए लड़ने के लिए अपनी जिंदगी समर्पित कर दी। उन्होंने कहा कि समाज के दबे-कुचले तबकों को पॉलिटिकल पावर देने के कांशीराम के सपने को पूरा करना आज भी BSP वर्कर्स की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।
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बहुजन समाज को संगठित करने का संकल्प
अपने मैसेज में मायावती ने कहा कि कांशीराम की पूरी जिंदगी बहुजन समाज को संगठित करने और उन्हें राजनीतिक रूप से मजबूत बनाने में लगी रही। उन्होंने बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों को लोगों तक पहुंचाने का काम किया। उन्होंने कहा कि ‘कांशीराम जयंती BSP मैसेज’ (Kanshi Ram Jayanti BSP Message) का असली मकसद लोगों को कांशीराम के संघर्ष को याद करने और उनके दिखाए रास्ते पर चलने के लिए प्रोत्साहित करना है। मायावती ने कहा कि अगर बहुजन समाज एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए खड़ा हो जाए, तो देश की राजनीति में बड़ा बदलाव आ सकता है। उन्होंने कहा कि इसी वजह से कांशीराम ने बहुजन समाज पार्टी बनाई थी।
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सामाजिक बदलाव और आर्थिक आजादी की लड़ाई
BSP सुप्रीमो ने कहा कि पार्टी का मूवमेंट सिर्फ पॉलिटिकल नहीं है, बल्कि यह सोशल और इकोनॉमिक बदलाव का मूवमेंट है। उन्होंने कहा कि कांशीराम का सपना समाज के कमजोर तबके के लिए सम्मान, शिक्षा और इकोनॉमिक मजबूती पक्का करना था। अपने मैसेज में मायावती ने कहा कि ‘कांशीराम जयंती BSP मैसेज’ (Kanshi Ram Jayanti BSP Message) बहुजन समाज को याद दिलाता है कि बराबरी और इंसाफ की लड़ाई जारी है। उन्होंने कहा कि BSP का मकसद सिर्फ सत्ता हासिल करना नहीं है, बल्कि समाज में असली बदलाव लाना है। इसके लिए यह जरूरी है कि बहुजन समाज के लोग पार्टी के मिशन से जुड़ें और इसे मजबूत करें।
चुनावी ताकत के लिए कार्यकर्ताओं से अपील
पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मायावती ने कहा कि आने वाले चुनावों के लिए BSP को मजबूत करना बहुत ज़रूरी है। उन्होंने कहा कि संगठन जितना मजबूत होगा, बहुजन समाज की आवाज उतनी ही असरदार होगी। उन्होंने कहा कि ‘कांशीराम जयंती BSP संदेश’ (Kanshi Ram Jayanti BSP Message) पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि राजनीतिक सफलता सिर्फ संघर्ष और संगठन से ही मिल सकती है। मायावती ने कहा कि BSP कार्यकर्ताओं को गांव-गांव और शहर-शहर जाकर लोगों को पार्टी के मिशन के बारे में बताना चाहिए।
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कांशीराम के विचारों को आगे बढ़ाने की अपील
अपने संदेश के आखिर में मायावती ने कहा कि कांशीराम सिर्फ एक नेता नहीं थे, बल्कि एक आंदोलन थे। उन्होंने समाज के उस हिस्से को आवाज दी जिसे लंबे समय से नजरअंदाज किया जा रहा था। उन्होंने कहा कि ‘कांशीराम जयंती BSP संदेश’ (Kanshi Ram Jayanti BSP Message) हमें सिखाता है कि अगर समाज संगठित हो जाए, तो सबसे बड़ा बदलाव भी मुमकिन है। मायावती ने बहुजन समाज से कांशीराम के विचारों को आगे बढ़ाने और BSP आंदोलन को मजबूत करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यही कांशीराम को सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

